मंबई का साथ छोड़कर महाराष्ट्र के लिए खेलने का फैसला करने वाले पृथ्वी शॉ क्रिकेट की दुनिया में सफलता और असफलता के बीच झूलते हुए,एक खिलाड़ी का नाम है. पृथ्वी शॉ ने अपनी जिंदगी के उतार-चढ़ाव को गले लगाया और सिर्फ एक खिलाड़ी नहीं, बल्कि एक इंसान के तौर पर जिंदगी के थपेड़ो को भी सहा. अब ये देखना दिलचस्प होगा कि आकृति उनकी लाइफ को सेटल कर पाती है या नहीं.