अमेरिका की एक स्टूडेंट जारा डार कहना है कि वो PhD करने के साथ-साथ ओनलीफैंस पर भी कॉन्टेंट डालती थीं। इसमें इंजीनियरिंग से जुड़े सब्जेक्ट्स के लेक्चर होते थे। हालांकि उनके कपड़े मॉडल्स वाले होते थे। इससे उन्होंने 12.7 करोड़ रुपए कमाए। अब PhD छोड़ फुल टाइम कॉन्टेंट बना रहीं। ओनलीफैंस मॉडल बोनी ब्लू ने दावा किया है कि उन्होंने 12 घंटे में 1 हजार से ज्यादा पुरुषों के साथ संबंध बनाए। ओनलीफैंस प्लेटफॉर्म पर वे हर महीने करीब 6.5 करोड़ रुपए कमाती हैं। अमेरिका से भारत तक चर्चा में आया ओनलीफैंस आखिर है क्या, बाकी अडल्ट वेबसाइट्स और इसमें क्या फर्क है, बंद कमरे में कंटेंट बनाकर लोग करोड़ों कैसे कमा रहे; जानेंगे आज के एक्सप्लेनर में... सवाल-1: ओनलीफैंस क्या है? जवाब: इंस्टाग्राम और यूट्यूब की तरह ओनलीफैंस भी कॉन्टेंट का एक प्लेटफॉर्म है, जिसमें क्रिएटर्स फोटो, वीडियो और ऑडियो पोस्ट करते हैं। हालांकि बाकी प्लेटफॉर्म के मुकाबले इसमें 4 बड़े फर्क हैं… सवाल-2: ओनलीफैंस पर कितने क्रिएटर्स हैं और इनमें कितने भारतीय? जवाब: ओनलीफैंस पर 70% कॉन्टेंट एडल्ट कैटेगरी का है। एडल्ट मॉडल्स, सेक्स वर्कर्स और पोर्न एक्ट्रेसेस यहां अपनी तस्वीरें और वीडियोज अपलोड करते हैं। हालांकि इस पर दुनिया भर के लेखक, आर्टिस्ट, फिटनेस ट्रेनर, फैशन मॉडल, म्यूजिशियन और शेफ वगैरह के भी अकाउंट हैं। सवाल- 3: ओनलीफैंस से क्रिएटर्स कैसे कमाई करते हैं? जवाब: बाकी इंटरनेट साइट्स पर फ्री में हर तरह का कॉन्टेंट अवेलबल है, वहीं ओनलीफैंस इसके लिए पैसे चार्ज करता है। ऐसा सिर्फ एडल्ट कॉन्टेंट के लिए नहीं बल्कि, म्यूजिक और कुकिंग से जुड़े कॉन्टेंट के लिए भी है। फैंस जब पैसा खर्च करके कॉन्टेंट खरीदते हैं, तो ओनलीफैंस उस रकम का 80% सीधे क्रिएटर्स को दे देता है, जबकि 20% पैसा बतौर कमीशन खुद रखता है। ओनलीफैंस पर क्रिएटर्स सब्सक्रिप्शन के अलावा दूसरे तरीकों से भी पैसे कमाते हैं। मसलन- सवाल- 4: ओनलीफैंस पर क्रिएटर्स कितनी कमाई करते हैं, क्या ये बाकी ऑनलाइन कॉन्टेंट प्लेटफॉर्म से ज्यादा पैसा देता है? जवाब: ओनलीफैंस पर क्रिएटर्स का सब्सक्रिप्शन रेट 5 डॉलर प्रति महीने यानी करीब 400 रुपए से लेकर 50 डॉलर यानी 4000 रुपए महीने तक होता है। हालांकि ओनलीफैंस पर ज्यादातर क्रिएटर औसतन 200 डॉलर यानी करीब 17 हजार रुपए प्रति महीना ही कमाते हैं। वहीं मशहूर क्रिएटर्स की कमाई 1 लाख डॉलर यानी करीब 80 लाख रुपए या उससे ज्यादा भी हो सकती है। डिज्नी की स्टार एक्ट्रेस रहीं बेला थोर्न के मुताबिक, उन्होंने ओनलीफैंस से शुरुआती एक हफ्ते में बीस लाख डॉलर यानी करीब 17 करोड़ रुपए कमाए थे। वहीं अमेरिकन रैपर रूबी रोज ने दावा किया था कि उन्होंने सिर्फ 2 दिन में ओनलीफैंस पर अपनी फोटोज पोस्ट करके 10 लाख डॉलर यानी करीब 85 करोड़ रुपए कमाए थे। ओनलीफैंस की तुलना में बाकी ऑनलाइन कॉन्टेंट प्लेटफॉर्म्स, क्रिएटर्स के रेवेन्यू में से ज्यादा कमीशन लेते हैं। वहीं यूट्यूब जैसे लगभग सभी मशहूर प्लेटफॉर्म्स पर एडल्ट कॉन्टेंट नहीं डाला जा सकता। हालांकि यूट्यूब पर भी क्रिएटर्स सब्सक्रिप्शन मॉडल चुन सकते हैं, लेकिन वहां उनके ही जैसा कॉन्टेंट बनाने वाले ऐसे क्रिएटर्स बहुत ज्यादा हैं, जो फ्री में कॉन्टेंट दे रहे हैं। ऐसे में जो यूट्यूब चैनल सब्सक्रिप्शन खरीदने को कहते हैं, जिनका दाम कम होता। वहीं ओनलीफैंस पर सब्सक्रिप्शन रेट काफी ज्यादा हो सकता है। इसके अलावा यूट्यूब जैसे प्लेटफॉर्म से क्रिएटर्स को पैसा तब मिलता है, जब उनका अकाउंट मोनेटाइज हो जाता है, यानी उनके अकाउंट पर ऐड आने लगते हैं। वहीं ओनलीफैंस, क्रिएटर्स को अपने फैंस से सीधे पैसा कमाने का ऑप्शन देता है। सवाल 5: ओनलीफैंस खुद पैसे कैसे कमाता है? जवाब: ओनलीफैंस की कमाई का सीधा जरिया उसके क्रिएटर्स की कमाई से मिलने वाला कमीशन है। ओनलीफैंस की ब्रांडिंग एक प्राइवेट स्पेस में इस्तेमाल की जाने वाली सब्सक्रिप्शन सर्विस की तरह की गई है। पूरी दुनिया से करोड़ों यूजर्स ओनलीफैंस का इस्तेमाल करते हैं। औसतन एक यूजर साल में ओनलीफैंस पर 4,700 रुपए खर्च करता है। शुरुआत में ही कुछ क्रिएटर्स का फ्री कॉन्टेंट देखने को मिलता है। बाद में कॉन्टेंट देखने के लिए पैसे खर्च करने पड़ते हैं। सवाल-6: ओनलीफैंस के विरोध में क्या तर्क दिए जाते हैं? जवाब: ओनलीफैंस का दावा है कि उसकी वेबसाइट का कॉन्टेंट प्राइवेट है और इसे बिना सब्सक्रिप्शन के नहीं देखा जा सकता। हालांकि यह सच नहीं है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बहुत से ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें क्रिएटर्स के कॉन्टेंट का स्क्रीनशॉट लेकर या कुछ टूल्स की मदद से उनके वीडियोज की कॉपी बनाकर या रिकॉर्ड करके दूसरे प्लेटफॉर्म्स पर पोस्ट कर दिया गया। ओनलीफैंस की वेबसाइट भी हैक कर ली गई। इंटरनेट की दुनिया में एक बार कॉन्टेंट अपलोड हो जाने के बाद उसे मिटाना अब असंभव सा हो गया है। ओनलीफैंस यह भी दावा करता है कि उसका वेरिफिकेशन प्रॉसेस बच्चों को इससे दूर रखता है। अकाउंट बनाने के लिए सेल्फी लगानी पड़ती है। हालांकि यह पर्याप्त नहीं है। बच्चे आसानी से अपने घर के बड़ों, दोस्तों या इंटरनेट से ली गई तस्वीर लगाकर ओनलीफैंस का वेरिफिकेशन प्रॉसेस पूरा कर लेते हैं। BBC की एक डाक्यूमेंट्री #Nudes4Sale में बताया गया है कि अकेले X पर अश्लील तस्वीरों के ऐड देने वाले यूजर्स में से 33% से ज्यादा की उम्र 18 साल से कम है। बाकी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी बड़ी तादाद में बच्चे पैसे और गिफ्ट्स के बदले में न्यूड तस्वीरें बेचते हैं। सवाल-7: ओनलीफैन्स पर किन देशों ने बैन लगा रखा है? जवाब: 14 देश ऐसे हैं, जिन्होंने ओनलीफैंस पर पूरी तरह से बैन लगाया हुआ है। ये देश हैं- अफगानिस्तान, बहरीन, बांग्लादेश, चीन, ईरान, कुवैत, पाकिस्तान, कतर, सउदी अरब, तुर्किए ,दुबई, रूस, बेलारूस और अंगोला। अगस्त 2021 में ओनलीफैंस ने कहा था कि उसके बैंकिंग पार्टनर्स की शर्तों के मुताबिक, वह अपने प्लेटफॉर्म से सेक्सुअल और एडल्ट कॉन्टेंट को हटाने वाला है। इसके बाद ओनलीफैंस के क्रिएटर्स, सब्स्क्राइबर्स और कुछ मीडिया संस्थानों ने इसका विरोध किया। तर्क यह था कि ओनलीफैंस ने मशहूर होने के लिए सेक्स वर्कर्स का इस्तेमाल किया और अब जब उसका धंधा बढ़ा हो गया तो सेक्स वर्कर्स से उनकी कमाई का रास्ता छीन रहा है। इसके कुछ दिन बाद ओनलीफैंस ने कहा कि ओनलीफैंस पोर्नोग्राफी को बैन नहीं करेगा। ओनलीफैंस के बयान में कहा गया, 'क्रिएटर्स को सपोर्ट करने के लिए हमने अपने पार्टनर्स से जरूरी आश्वासन ले लिए हैं और पॉलिसीज में बदलाव को रोक दिया है। ओनलीफैंस का घर सभी क्रिएटर्स के लिए खुला रहेगा।' सवाल 8: क्या ओनलीफैंस भारत में बैन है? जवाब: नहीं, भारत में ओनलीफैंस बैन नहीं है। इसकी वेबसाइट को कोई भी फोन या लैपटॉप से खोल सकता है और एक अकाउंट बनाकर इसका कॉन्टेंट देखा जा सकता है। अगर कोई ओनलीफैंस पर अकाउंट बनाकर पोर्न या सेक्सुअल कॉन्टेंट पोस्ट करता है तो इसे गैर-कानूनी माना जाएगा। क्योंकि भारत में पोर्न कॉन्टेंट बनाना और उसे बेचना गैरकानूनी है। हालांकि भारत में 'अश्लीलता' की सटीक परिभाषा और इसके दायरे पर लंबे समय से बहस जारी है। 12 अक्टूबर, 2023 को बॉम्बे हाईकोर्ट ने अपने एक फैसले में कहा था, 'महिलाओं का उत्तेजक डांस या इशारे करना जरूरी नहीं कि अश्लील या अनैतिक हो।' सवाल 9: जारा डार ने PhD बीच में छोड़कर ओनलीफैंस क्यों जॉइन किया?
जवाब: अमेरिका के टेक्सास की रहने वाली जारा डार का पूरा नाम जारा डार्सी है। उन्होंने X और यूट्यूब पर एक वीडियो में कहा है कि वह कॉर्पोरेट जॉब के बजाय अपना खुद का काम करना चाहती थीं, इसलिए उन्होंने PhD छोड़ ओनलीफैंस पर फुलटाइम काम करना शुरू किया है। हालांकि उन्होंने ये भी बताया, मैंने 2022 में PhD के दौरान ही ओनलीफैंस पर कॉन्टेंट बनाना शुरू किया था। दो साल बाद अब मैं अब यहां पर फुलटाइम काम कर रही हूं। जारा, यूट्यूब और ओनलीफैंस के अलावा पोर्नहब नाम की पोर्न साइट पर भी अपना कॉन्टेंट डालती हैं। हालांकि उनका कॉन्टेंट पोर्न नहीं, बल्कि इंजीनियरिंग से जुड़े सब्जेक्ट्स (STEM यानी साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और मैथ्स) का रहता है। उन्होंने यह भी बताया कि एक वीडियो के यूट्यूब पर 10 लाख व्यूज होने पर उन्हें 340 डॉलर यानी करीब 29 हजार रुपए मिलते हैं, वहीं उसी वीडियो के लिए पोर्नहब से उन्हें 1000 डॉलर यानी करीब 85 हजार रुपए मिलते हैं। लिंक्डइन पर जारा के अकाउंट को ब्लॉक कर दिया गया है। लिंक्डइन ने इसकी कोई वजह नहीं बताई है। कहा जा रहा है कि ऐसा उनके पहनावे की वजह से हुआ। पोर्नहब पर ताइवान के एक मैथ्स के टीचर चांग्शू भी मैथ्स पढ़ाते हैं। वह इस तरह से सालाना करीब 3 करोड़ रुपए कमाते हैं। -------- ये एक्सप्लेनर भी पढ़ें: लड़के से लड़के की शादी या लड़की की लड़की से, सुप्रीम कोर्ट ने क्यों झटका दिया; वो सबकुछ जो जानना जरूरी है सेम सेक्स मैरिज को कानूनी मान्यता की मांग करने वालों के लिए बड़ा झटका है। गुरुवार यानी 9 जनवरी को सुप्रीम कोर्ट ने अपने पुराने फैसले पर पुनर्विचार करने से इनकार कर दिया। पूरी खबर पढ़ें...