डेब्यू टेस्ट की दोनों पारियों में 0 पर आउट होकर किसी भी बैटर का मनोबल टूट सकता है. ग्राहम गूच ऐसे ही दौर से गुजरे. इंग्लैंड टीम से बाहर होने के बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट में रनों का अंबार लगाया और वापसी की. भारत के खिलाफ 1990 के लार्ड्स टेस्ट में पहली पारी में 333 और दूसरी पारी में 123 रन (कुल 546 रन) बनाए जो 32 साल बाद भी सिंगल टेस्ट में किसी बैटर की सर्वोच्च रनसंख्या है.